BREAKING NEWS
  • Jharkhand Poll: जमशेदपुर पूर्व सीट पर कांग्रेस और बीजेपी में होगी कांटे की टक्कर- Read More »
  • Jharkhand Poll: पहले चरण की 13 सीटों में से इन 5 सीटों पर दिलचस्प होगा मुकाबला- Read More »
  • Srilanka Presidentia Election: भारत के लिए राहत की खबर, पूर्व रक्षा मंत्री गोटाबया राजपक्षे ने जीता - Read More »

बाटा (BATA) की लिस्टिंग के 46 साल पूरे, 30 हजार का शेयर बन गया 1 करोड़ रुपये

News State Bureau  |   Updated On : June 26, 2019 02:24:37 PM
बाटा (BATA) की लिस्टिंग के 46 साल पूरे

बाटा (BATA) की लिस्टिंग के 46 साल पूरे (Photo Credit : )

ख़ास बातें

  •  शेयर बाजार (Share Market) में बाटा (BATA) ने 46 साल पूरे कर लिए
  •  चेक रिपब्लिक देश की कंपनी है बाटा, करीब 90 साल भारत में कंपनी ने कदम रखे 
  •  जून 1973 में 30 हजार रुपये का निवेश आज 1 करोड़ रुपये हो गया है

नई दिल्ली:  

शेयर बाजार (Share Market) में बाटा (BATA) ने 46 साल पूरे कर लिए हैं. बता दें कि बहुत ही कम लोगों को पता है कि बाटा चेक रिपब्लिक देश की कंपनी है और करीब 90 साल पहले इस कंपनी ने भारत में अपने कदम रखे थे. हालांकि बाटा ने अपने आपको भारतीय माहौल में ऐसा ढाल लिया कि लोगों को लगने लगा कि ये यहीं की कंपनी है. आज भी बहुत सारे लोगों को इसके पीछे की सच्चाई के बारे में जानकारी नहीं है. बाटा के लिस्टिंग के समय किए गए निवेश से निवेशकों को करोड़ों रुपये का मुनाफा हो चुका है.

यह भी पढ़ें: अटल पेंशन योजना (APY): पेंशन के मामले में केंद्र सरकार ले सकती है बड़ा फैसला, पढ़ें पूरी खबर

जून 1973 में हुई थी बाटा की लिस्टिंग
भारतीय शेयर मार्केट में बाटा की लिस्टिंग जून 1973 में हुई थी. इसका आईपीओ (IPO) 30 रुपये प्रति शेयर के भाव पर आया था. कंपनी की लिस्टिंग के 46 साल पूरे हो चुके हैं. 46 साल में कंपनी ने करीब 333 गुना रिटर्न दिया है.

यह भी पढ़ें: सातवां वेतन आयोग (7th Pay Commission): केंद्र सरकार के इस फैसले से सैन्यकर्मियों पर पड़ेगा बड़ा असर

46 साल में निवेशक बन चुके हैं करोड़पति
मान लीजिए किसी निवेशक ने जून 1973 में बाटा में 30 हजार रुपये का निवेश किया था. उस निवेश की वैल्यू अगर आज आंकी जाए तो वो करीब 1 करोड़ रुपये हो चुके हैं. बाटा के जून 1973 के 1 हजार शेयर स्प्लिट और बोनस की वजह से 2015 तक 7 हजार शेयर हो चुके हैं. इस दौरान बाटा ने 3 बार राइट्स इश्यू भी जारी किया है.

यह भी पढ़ें: अगर फंस गया है प्रॉविडेंट फंड (PF) का पैसा, तो इन तरीकों से मिल जाएगा वापस

1894 में हुई थी कंपनी की शुरुआत
1894 में थॉमस बाटा ने कंपनी को शुरू किया था. भारत में कंपनी एक खास मकसद से आई थी. दरअसल, कंपनी रबर और चमड़े की खोज करते हुए यहां दाखिल हुई थी. 1939 में कंपनी ने कोलकाता में अपना कारोबार शुरू किया. कंपनी ने बाटानगर में पहली शू मशीन की स्थापना की. बता दें कि भारत बाटा का दूसरा सबसे बड़ा मार्केट है. मौजूदा समय में बाटा के 1375 रिटेल स्टोर चल रहे हैं.

First Published: Jun 26, 2019 02:18:32 PM
Post Comment (+)

न्यूज़ फीचर

वीडियो