Jharkhand Poll: राजधनवार में बहुकोणीय है मुकाबला, बाबूलाल मरांडी के सामने बड़ी चुनौती

न्यूज स्टेट ब्यूरो  |   Updated On : December 11, 2019 04:11:07 PM
राजधनवार में बहुकोणीय है मुकाबला, बाबूलाल मरांडी के सामने बड़ी चुनौती

राजधनवार में बहुकोणीय है मुकाबला, बाबूलाल मरांडी के सामने बड़ी चुनौती (Photo Credit : फाइल फोटो )

गिरिडीह :  

Jharkhand Poll: झारखंड के गिरिडीह जिले के राजधनवार विधानसभा क्षेत्र में इस बार झारखंड विकास मोर्चा (झाविमो) के अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी की प्रतिष्ठा दांव पर है. उनके समक्ष अपने राजनीतिक कद को बरकरार रखने के साथ ही पार्टी के अस्तित्व को कायम रखने की भी चुनौती है. जबकि दूसरी तरफ विरोधी किसी भी हाल में मरांडी को यहीं घेरना चाह रहे हैं. इस कारण यहां का मुकाबला दिलचस्प बना हुआ है, जिस पर पूरे राज्य की नजर है.

यह भी पढ़ेंः Jharkhand Poll: तीसरे चरण के चुनाव से जुड़ी यह बेहद जरूरी 5 बातें जानिए

राजधनवार विधानसभा सीट के लिए मतदान तीसरे चरण में गुरुवार को होना है. अभी तक जो स्थिति उभरकर सामने आई है, उसके मुताबिक इस बार इस क्षेत्र में मुख्य मुकाबला झाविमो के मरांडी और भाकपा (माले) के मौजूदा विधायक राजकुमार यादव के बीच माना जा रहा है. परंतु भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के लक्ष्मण प्रसाद सिंह, निर्दलीय अनूप सौंथालिया और झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के निजामुद्दीन अंसारी इस मुकाबले को बहुकोणीय बनाने में पूरा जोर लगाए हुए हैं.

मरांडी को इस इलाके में 2014 के विधानसभा चुनाव में हार का सामना करना पड़ा था. भाजपा ने वर्ष 2014 के तीसरे स्थान पर रहे पूर्व पुलिस अधिकारी लक्ष्मण प्रसाद सिंह को एक बार फिर उम्मीदवार बनाया है. जबकि झामुमो ने निजामुद्दीन अंसारी को अपना प्रत्याशी बनाया है. भाकपा (माले) की ओर से मौजूदा विधायक राजकुमार यादव एक बार फिर चुनावी मैदान में हैं. पिछले विधानसभा चुनाव में राजकुमार ने मरांडी को 10 हजार से अधिक मतों से पराजित किया था.

यह भी पढ़ेंः Jharkhand Poll: तीसरे चरण में बीजेपी, झाविमो और आजसू की प्रतिष्ठा दांव पर

झारखंड के वरिष्ठ पत्रकार संपूर्णानंद भारती कहते हैं कि राजधनवार ऐसी सीट है, जिस पर जातीय समीकरण भी चुनाव में प्रत्याशियों की जीत और हार तय करते हैं. यादव, मुस्लिम और भूमिहार जाति के मतदाता यहां निर्णायक रहे हैं. ऐसे में प्रत्याशी जातीय समीकरण को भी साधने में जुटे हैं. उन्होंने कहा, 'इस चुनाव में इस क्षेत्र में कुल 14 प्रत्याशी हैं. लेकिन चुनाव झाविमो, झामुमो, भाजपा, भाकपा (माले) और निर्दलीय अनूप सौंथालिया ही ठीक से लड़ रहे हैं. इसमें भी मुख्य मुकाबला तीन के बीच ही होना है, परंतु ये तीन कौन होंगे, इसका खुलासा भी वोटों की गिनती से होगा.'

क्षेत्र में सभी प्रमुख उम्मीदवारों की पकड़ अलग-अलग क्षेत्रों में है. इस कारण कौन प्रत्याशी आगे चल रहा है, इसके विषय में बता पाना आसान नहीं है. इस विधानसभा क्षेत्र में गांवा इलाके में भाकपा (माले) के प्रत्याशी की चर्चा अधिक है तो तिसरी में झाविमो, धनवार बाजार और धनवार ग्रामीण में भाजपा, झामुमो और निर्दलीय अनूप सौंथालिया की चर्चा सर्वाधिक है. 

यह भी पढ़ेंः झारखंड: BJP ने सरयू राय समेत बीस नेताओं को 6 वर्ष के लिए किया निष्कासित

झाविमो के प्रत्याशी और पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी कहते हैं, 'इस क्षेत्र में विकास कार्य पूरी तरह ठप है. आज भी लोग पानी, सड़क, बिजली और स्वास्थ्य जैसी बुनियादी समस्याओं से जूझ रहे हैं. ऐसे में जनता सब देख रही है और चुनाव में जवाब देगी.' लेकिन मौजूदा विधायक राजकुमार यादव जीत का दावा करते हैं. उनका कहना है कि पंचायतों और गांवों में किसानों के लिए तालाब बनाए गए हैं और गांवों में बिजली पहुंचाई गई है. सड़कें बनी हैं. उन्होंने हालांकि यह भी माना कि अभी बहुत कुछ करना शेष है.

First Published: Dec 11, 2019 04:11:07 PM
Post Comment (+)

LiveScore Live Scores & Results

न्यूज़ फीचर

वीडियो