क्‍या सच होगी अजीत डोभाल (Ajit Doval) की भविष्यवाणी, इमरान खान (Imran Khan) का होगा काम तमाम

अभिषेक भारद्वाज  |   Updated On : October 15, 2019 08:56:28 PM
इमरान खान का फाइल फोटो

इमरान खान का फाइल फोटो (Photo Credit : Twitter )

नई दिल्‍ली:  

पाकिस्तान ने हिन्दुस्तान को जख्म देने के लिए आतंक को पाला पोसा अब यही आतंक बनेगा. FATF यानी फाइनेंशियल एक्शन टास्क फोर्स की बैठक में पाकिस्तान पर चर्चा जारी है. खबरों के मुताबिक टेरर फंडिंग पर पाकिस्तान के एक्शन से FATF संतुष्ट नहीं है. बताया जा रहा है कि FATF ने पाकिस्तान को 27 बिंदुओं पर सुधार के लिए कहा था, लेकिन पाकिस्तान सिर्फ 6 बिंदुओं पर खरा उतरा.

18 अक्टूबर को FATF इस रिपोर्ट आधारित फैसला सुनाएगा और माना जा रहा है कि FATF पाकिस्तान को डार्क ग्रे लिस्ट में डाल देगा. मुमकिन ये भी है कि पाकिस्तान को ब्लैक लिस्ट कर दिया जाए, लेकिन FATF की अध्यक्षता चीन के हाथों में है तो ब्लैक लिस्ट होने की संभावना कम नजर आती है, लेकिन पाकिस्तान को डार्क ग्रे लिस्ट में डाले जाना तकरीबन तय है.

यह भी पढ़ेंः अयोध्‍या विवादः अगर हिंदुओं के हक में आया फैसला तो ऐसा होगा राम मंदिर

अगर पाकिस्तान को डार्क ग्रे लिस्ट में डाल दिया गया तो इसके नतीजे इमरान खान की बुनियाद हिला देंगे. डार्क ग्रे लिस्ट में डाले जाने के बाद पाकिस्तान को IMF से लोन या आर्थिक मदद नहीं मिलेगी. हाल ही में IMF से पाकिस्तान को 6 बिलियन डॉलर का अप्रूवल मिला है.अगर पाकिस्तान ग्रे लिस्ट हुआ तो बेल आउट की दूसरी औऱ तीसरी किस्‍त रुक जाएगी.

यह भी पढ़ेंः Chhath Puja 2019: पांडवों की पत्‍नी द्रौपदी ने की थी इस गांव में छठ पूजा!

सिर्फ आर्थिक मदद ही नहीं बल्कि पाकिस्तान में पैसा लगाना भी मुश्किाल हो जाएगा. डार्क ग्रे लिस्ट में डाले जाने के बाद बड़े निवेशक पाकिस्तान नहीं जाएंगे, जिससे दूसरे देशों के साथ पाकिस्तान के व्यापार में बड़ी गिरावट आएगी. मतलब ये है कि इमरान के कंगाली का काउंटडाउन शुरु हो चुका है. सिर्फ 96 घंटों का इंतजार है, जिसके बाद साफ हो जाएगा कि इमरान के पाकिस्तान पर आतंकपरस्ती के लिए FATF कौनसा हंटर चलेगा.

एक अनुमान के मुताबिक डार्क ग्रे लिस्ट में आने के बाद पाकिस्तान में महंगाई 15 फीसदी तक हो जाएगी

  • जैसे जो दूध अभी 150 रुपए लीटर है, वो तकरीबन 160 रुपए लीटर हो जाएगा
  • जो टमाटर 450 रुपए किलो है, वो तकरीबन 470 रुपए किलो हो जाएगा
  • जो पेट्रोल अभी 130 रुपए लीटर है, वो तकरीबन 150 रुपए लीटर हो जाएगा

यानी पाकिस्तान का पूरी तरह बंटाधार हो जाएगा. इसी वजह से लोग मानते हैं...कि इमरान की आतंक परस्ती का खामियाजा. पूरा पाकिस्तान भुगतेगा, जो इमरान दुनिया में अलग थलग थे. वो पाकिस्तान में ना घर के रहेंगे. ना घाट के. तब्दीली लाने का दावा करने वाले इमरान. तब्दीली तो नहीं ला पाए .उल्टा एक के बाद एक तबाही को न्योता दे रहे हैं. अब इमरान के पास कोई रास्ता नहीं बचा है. वो बैठकर सिर्फ इंतजार कर सकते हैं.इंतजार FATF के फैसले का. जो तय करेगा. इमरान को उनके गुनाहों की क्या सजा मिलेगी.

यह भी पढ़ेंः 2,000 रुपये के नोटों को लेकर RBI ने किया बड़ा खुलासा, जानें RTI में क्‍या दिया जवाब

पाकिस्तान को पता है कि कुछ ना कुछ तो होना है और इस बार चीन का अध्यक्ष होना भी पाकिस्तान को बचा नहीं पाएगा. FATF जैसे मंच से पाकिस्तानी आतंक पर बड़ी लगाम लगाई जा सकती है. ये भारत को भी पता है और ये सच खुद एनएसए अजीत डोवाल बयां कर चुके हैं. दरअसल भारत लगातार कोशिश कर रहा है कि FATF से पाकिस्तान के खिलाफ कड़ा कदम उठाया जाए ताकि टेरर फंडिंग और उससे चलने वाले आतंक का सफाया किया जा सके.

  • मोदी सरकार ने लगातार संयुक्त राष्ट्र के मंच पर पाकिस्तानी आतंक के खिलाफ हल्ला बोला है
  • जी सेवेन और जी ट्वेंटी जैसे मंचों से भी मोदी सरकार आतंक पर पाकिस्तान को बेनकाब करती रही है
  • सार्क में पाकिस्तानी आतंक के चलते पाकिस्तान को अलग थलग किया गया है
  • इन्हीं कोशिशों के चलते दुनिया की बड़ी ताकतें भारत के साथ आईं और पाकिस्तान को FATF के कठघरे में खड़ा किया गया
  • अब समझिए FATF ने किस तरह पाकिस्तान को जवाब तलब किया और क्या है डार्क ग्रे और ब्लैक लिस्ट का मतलब

FATF की डार्क ग्रे लिस्ट का मतलब होता है आरोपी देश को आखिरी मौका देना

  • जबकि ब्लैक लिस्ट का मतलब होता है आरोपी देश का पूरा आर्थिक बहिष्कार
  • पाकिस्तान के पास बचने का कोई रास्ता नहीं है. FATF ने पाकिस्तान को एक साल से ज्यादा का वक्त दिया था.
  • बावजूद इसके पाकिस्तान ने ठोस कदम नहीं उठाए...FATF ने पाकिस्तान को ये एक्शन उठाने के निर्देश दिए थे
  • पाकिस्तान अपनी सरजमीं से टेरर फंडिंग के नेटवर्क की जानकारी दे और उनपर लगाम लगाए
  • पाकिस्तान से होने वाली मनी लॉन्ड्रिंग और हवाला कारोबार से आतंकियों को मिलने वाला पैसा रोका जाए
  • हाफिज और मसूद अजहर जैसे घोषित आतंकियों के खिलाफ कड़े कदम उठाए जाएं
  • कुल 8 आतंकी संगठनों की चल-अचल संपत्तियां जब्त की जाएं
  • पाकिस्तानी बैंकों और वित्तीय संस्थानों के जरिए आतंकियों की फंडिंग की पूरी रिपोर्ट सौंपी जाए
  • पाकिस्तान में मौजूद आतंकी संगठनों की आर्थिक गतिविधियों पर रोक लगाई जाए
  • चैरिटी और समाजसेवा की आड़ में आतंकी संगठनों की फंडिंग रोकी जाए
  • FATF ने ऐसे कुल 27 बिंदु सामने रखे थे जिनमें से पाकिस्तान और सिर्फ 6 पर खरा उतरा

पाकिस्तान ने ना आतंकियों पर लगाम लगाई ना टेरर फंडिंग पर नाम के लिए हाफिज और उसके कुछ गुर्गों को जेल में डाल दिया, लेकिन इमरान की ये होशियारी काम नहीं आई और आज इमरान खडे होकर अपनी बर्बादी देखने के सिवा कुछ नहीं कर सकते.

First Published: Oct 15, 2019 08:51:24 PM
Post Comment (+)

LiveScore Live Scores & Results

न्यूज़ फीचर

वीडियो