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मध्य प्रदेश: टॉयलेट के साथ जब दूल्हे की फोटो होगी तभी शादी हो सकेगी

न्यूज स्टेट ब्यूरो  |   Updated On : October 11, 2019 12:14:30 PM
फॉर्म में लगी फोटो।

फॉर्म में लगी फोटो। (Photo Credit : फाइल फोटो )

ख़ास बातें

  •  विवाह योजना के फॉर्म में लगाना पड़ेगा फोटो
  •  टॉयलेट के साथ फोटो न देने पर नहीं मिलेगा लाभ
  •  कुछ दूल्हे इस बात से खुश हैं वहीं कुछ इससे नाराज हैं

भोपाल:  

मध्य प्रदेश के सीएम कमलनाथ ने मुख्यमंत्री विवाह/निकाह योजना के तहत दूल्हों के सामने अजीबोगरीब शर्त रखी है. शर्त ये है कि अब शादी से पहले दूल्हों को अपने घर के टॉयलेट के साथ फोटो लेकर एप्लीकेशन फॉर्म के साथ लगानी पड़ेगी. ऐसा करने के बाद ही 51 हजार रुपये मिलेंगे. शादी पूरी हो जाने के बाद भी मैरिज सर्टिफिकेट पर दूल्हे की यही फोटो लगी होगी. इसका उद्देश्य यह है कि दूल्हन के लिए घर में टॉयलेट की व्यवस्था जरूर हो. हालांकि जिन दूल्हों की शआदी होने वाली है उन्हें यह शर्त अटपटी लग रही है.

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इस सरकारी शर्त के मुताबिक अगर शादी से पहले टॉयलेट के साथ तस्वीर नहीं भेजी तो काजी भी निकाह नहीं पढ़ेंगे. कई दूल्हों ने इस नियम को माना है और एप्लीकेशन फॉर्म में अपनी टॉयलेट के साथ तस्वीर भेजी है. घर के शौचालय के साथ सेल्फी भेजने के बाद ही दूल्हों का निकाह हो सका है. 74 दूल्हों ने मुख्यमंत्री निकाह योजना के तहत टॉयलेट के साथ अपनी तस्वीर भेजी है.

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निकाह के लिए जाने वाले कई दूल्हें इससे नाराज हैं. उनका कहना है कि शादी के लिए प्री-वेंडिग फोटो शूट के बारे में तो सुना है लेकिन टॉयलेट के साथ फोटो शूट पहली बार सुन रहे हैं. यह काफी शर्मिंदगी भरा है. शौचालय में खड़े होकर फोटो जरूर ले ली है लेकिन इसमें शर्म लग रही है. उन्होंने कहा कि घर में टॉयलेट है या नहीं इसका वेरीफिकेशन नगर निगम को करना चाहिए था. नगर निगम के कर्मचारी आते, वेरीफाई करते और 51 हजार रुपये देकर चले जाते.

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इस फैसले को कई दूल्हों ने सही बताया है. उनका कहना है कि घर में टॉयलेट है या नहीं इसे लेकर अगर फोटो मांगी जा रही है तो यह कोई गलत नहीं है. दिलचस्प बात ये है कि यही तस्वीर मैरिज सर्टिफिकेट में भी लगेगी. इससे पहले घर में टॉयलेट है या नहीं बस यह फॉर्म में लिखवाया जाता था.

First Published: Oct 11, 2019 11:33:01 AM
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