फर्रुखाबाद : सिरफिरे के पास कहां से आए इतने हथियार, UP Police से कर सकता था 2 दिनों तक मुकाबला

News State Bureau  |   Updated On : January 31, 2020 10:10:24 AM
फर्रुखाबाद : सिरफिरे के पास कहां से आए इतने हथियार, UP Police से कर सकता था 2 दिनों तक मुकाबला

फर्रुखाबाद : सिरफिरे के पास कहां से आए इतने हथियार (Photo Credit : Twitter )

नई दिल्‍ली :  

उत्‍तर प्रदेश की पुलिस ने फर्रुखाबाद (Farrukhabad) में 'ऑपरेशन बर्थडे (Operation Birthday)' को 11 घंटे में पूरा कर लिया और बंधक बनाए गए सभी 23 बच्‍चों को सकुशल छुड़ा लिया. इस ऑपरेशन में आरोपी सिरफिरा सुभाष बाथम (Subhash Batham) मारा गया तो उसकी पत्‍नी भी गांववालों की हिंसा की शिकार हो गई. बताया जा रहा है कि सुभाष बाथम के पास इतना गोली बारूद था कि 2 दिन तक वह यूपी पुलिस से लोहा ले सकता था. ऐसे में सवाल उठता है कि आखिर उसके पास इतने गोला-बारूद आए कहां से.

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यूपी पुलिस और गांववालों से मिली जानकारी के अनुसार, सुभाष के पास 25-30 गोलियां, एक कंट्री मेड तमंचा, एक राइफल और बड़ी संख्या में बारूद था. उसने कई सारे सुतली बम बना रखे थे और वो तहखाने में एक साथ सबको उड़ाने की धमकी भी दे रहा था. सुभाष 2 महीने जमानत पर जेल से बाहर आया था. उस पर हत्या, आर्म्स एक्ट केस और कई सारे मुकदमे चल रहे थे. अपने ऊपर दर्ज मुकदमों को खत्म कराने के लिए वह पुलिस को बच्‍चों के जरिए ब्लैकमेल कर रहा था.

अपनी योजना के अनुसार, सुभाष बाथम ने गुरुवार शाम को बेटी के जन्‍मदिन पर आसपास के बच्‍चों को घर पर बुलाया. इसके बाद वह छत पर जाकर चिल्‍लाने लगा कि उसने बच्‍चों को बंधक बना लिया है. यह सुनकर गांववालों के होश उड़ गए. ग्रामीणों ने पहले एक व्यक्ति को उससे बातचीत करने के लिए भेजा, लेकिन बदमाश ने उसके पैर में गोली मार दी. ग्रामीणों ने पुलिस को सूचना दी. आधे घंटे में पहुंची पुलिस ने सुभाष से बातचीत शुरू की, लेकिन बीच में सुभाष ने फायरिंग की, जिसमें 2 पुलिसकर्मी घायल हो गए.

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घटना की गंभीरता को देखते हुए डीएम-एसपी मौके पर पहुंच गए. इस पर सुभाष विधायक को बुलाने की मांग करने लगा. डीजीपी ने एटीएस टीम को मौके पर पहुंचने का आदेश दिया एनएसजी से भी संपर्क किया गया. यूपी मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आला अफसरों की बैठक बुलाई. मौके पर पहुंची एटीएस की टीम ने लोकल पुलिस के साथ ऑपरेशन शुरू किया. पुलिस ने कुछ लोगों के ज़रिए बातों में सुभाष को फंसाया और पीछे के दरवाजे से अंदर दाखिल हुई और ऑपरेशन में सुभाष मारा गया. सुभाष की एक साल की बच्ची है जिसे लोकल प्रशासन ने सुरक्षित जगह पहुंचा दिया है.

First Published: Jan 31, 2020 09:59:33 AM

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