सनी देओल की सांसद कुर्सी खतरे में, चुनाव आयोग जारी कर सकता है नोटिस

News State Bureau  |   Updated On : June 19, 2019 03:03:38 PM
गुरदासपुर में चुनाव प्रचार करते सनी देओल.

गुरदासपुर में चुनाव प्रचार करते सनी देओल. (Photo Credit : )

ख़ास बातें

  •  लोकसभा चुनाव प्रचार में तय सीमा 70 लाख के बजाय खर्च किए 86 लाख.
  •  नियमों के तहत आरोपों की पुष्टि होने पर छिन सकती है लोकसभा सदस्यता.
  •  लोकसभा चुनाव प्रचार के दौरान और भी लगे हैं नियमों की अवहेलना के आरोप.

नई दिल्ली.:  

अभिनेता से नेता बने सनी देओल गुरुदासपुर से बीजेपी के टिकट पर चुनाव जीते हैं. हालांकि लोकसभा चुनाव प्रचार के दौरान तय सीमा से अधिक खर्च करने के मामले में वह परेशानी में पड़ सकते हैं. अगर चुनाव आयोग ने खर्च के मसले पर कड़ा रुख अख्तियार कर लिया तो उन्हें अपनी लोकसभा सीट से हाथ धोना पड़ सकता है. सूत्र बताते हैं कि निर्वाचन आयोग इस मसले पर सनी देओल को नोटिस जारी करने पर विचार कर रहा है. ईसी को इलेक्शन वॉचडॉग की ओर से इस बारे में मय तथ्यात्मक दस्तावेज शिकायत मिली है.

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16 लाख रुपए किए अधिक खर्च
गौरतलब है कि निर्वाचन आयोग द्वारा तय की गई आदर्श आचार संहिता के नियम-कायदों के तहत कोई भी लोकसभा प्रत्याशी 70 लाख रुपए से अधिक खर्च लोकसभा चुनाव प्रचार के दौरान नहीं कर सकता है. ऐसे में चुनाव आयोग को मिले दस्तावेजों के अनुसार सनी देओल ने चुनाव के दौरान 86 लाख रुपये खर्च किए. यानी तय सीमा से 16 लाख रुपए अधिक. चुनाव आयोग के अनुसार तय सीमा से ज्यादा खर्च करने पर संबंधित उम्मीदवार के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी.

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चुनाव आयोग की कार्रवाई में छिन सकती है लोकसभा सदस्यता
चुनाव आयोग के नियमों के मुताबिक अगर कोई उम्मीदवार ज्यादा खर्च करके जीत भी गया और बाद में खर्च सीमा के उल्लंघन की पुष्टि हुई तो आयोग कार्रवाई करते हुए जीते हुए प्रत्याशी की सदस्यता रद्द कर दूसरे नंबर पर रहे प्रत्याशी को विजेता घोषित कर सकता है. हालांकि यह अधिकतम सजा है यानी यहां तक कार्रवाई करने का प्रावधान है. वैसे भी चुनाव प्रचार के दौरान सनी देओल पर तय अवधि के बाद भी प्रचार करने का आरोप लगा था. इसके बाद चुनाव आयोग ने उन्हें नोटिस जारी किया था.

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धर्मेंद्र नहीं चाहते थे कि सनी सुनील जाखड़ के खिलाफ लड़ें
गौरतलब है कि गुरदासपुर से जीत हासिल करने वाले सनी देओल ने कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष सुनील जाखड़ को हराया था. उन्हें इस चुनाव में 558719 वोट मिले, वहीं जाखड़ को 4,76,260 वोटों से संतोष करना पड़ा था. सनी देओल से लोकसभा चुनाव हारने के बाद पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष सुनील जाखड़ ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है. हालांकि धर्मेंद्र ने कहा था कि अगर उन्हें मालूम होता कि सनी बलराम जाखड़ के बेटे सुनील के खिलाफ चुनाव लड़ेंगे, तो शायद वह उन्हें इसकी इजाजत नहीं देते.

First Published: Jun 19, 2019 03:03:29 PM
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