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बैंकों के विलय को लेकर वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण (Nirmala Sitharaman) का बड़ा बयान, पढ़ें पूरी खबर

न्यूज स्टेट ब्यूरो  |   Updated On : September 02, 2019 09:14:33 AM
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण (Nirmala Sitharaman) -फाइल फोटो

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण (Nirmala Sitharaman) -फाइल फोटो (Photo Credit : )

नई दिल्ली:  

वित्त मंत्री (Finance Minister) निर्मला सीतारमण (Nirmala Sitharaman) ने सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों के प्रस्तावि विलय से कर्मचारियों की नौकरी जाने के खतरे की चिंता को खारिज किया है. उन्होंने कहा है कि विलय के इन निर्णयों से किसी एक कर्मचारी की भी नौकरी नहीं जाएगी. सीतारमण ने नौकरी जाने के बारे में बैंक यूनियनों की चिंताओं के बारे में कहा कि यह बिल्कुल तथ्यहीन बात है. मैं इनमें से हर बैंक की सभी यूनियनों एवं लोगों को यह आश्वस्त करना चाहती हूं कि वे शुक्रवार को मेरी कही गयी बात को याद करें. जब हमने बैंकों के विलय की बात की तो मैंने स्पष्ट तौर पर कहा था कि किसी भी कर्मचारी को नहीं हटाया जाएगा. किसी को भी नहीं.

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दस सरकारी बैंकों का विलय कर चार बैंक बनाने की हुई थी घोषणा
बता दें कि सीतारमण बैंकों के प्रस्तावित विलय का बैंक के कर्मचारी यूनियनों द्वारा विरोध किये जाने पर पूछे गए सवाल का जवाब दे रही थीं. निर्मला सीतारमण ने शुक्रवार को दस सरकारी बैंकों का विलय कर चार बैंक बनाने की घोषणा की थी. यह निर्णय देश में मजबूत और वैश्विक पैमाने के बड़े बैंक गठित करने के लक्ष्य से किया गया है. उम्मीद है कि विलय के बाद बनने वाले नए बैंक अर्थव्यवस्था की कर्ज की जरूरतों को पूरा करके मजबूती दूर करने तथा भारत को 5000 अरब डालर की अर्थव्यवस्था बनाने के लक्ष्य में अधिक मददगार हो सकेंगे.

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सरकार ने शुक्रवार को सार्वजनिक क्षेत्र के दस बड़े बैंकों का विलय कर चार बैंक बनाने की घोषणा की. इसके मुताबिक पीएनबी में ओरिएंटल बैंक ऑफ कॉमर्स और युनाइटेड बैंक ऑफ इंडिया का, केनरा बैंक में सिंडिकेट बैंक का, यूनियन बैंक ऑफ इंडिया में आंध्रा बैंक और कॉरपोरेशन बैंक का एवं इंडियन बैंक में इलाहाबाद बैंक का विलय किया जाना है. विलय के बाद कुल सरकारी बैंकों की संख्या 12 रह जाएगी.

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विलय का ग्राहकों पर ये होगा असर

  • कस्टमर्स को मिल सकता है नया अकाउंट नंबर और कस्टमर आईडी
  • नए अकाउंट नंबर मिलने पर आयकर विभाग, इंश्योरेंस कंपनी, MF, NPS आदि में अपडेट कराना होगा
  • ग्राहकों को लोन की EMI या SIP के लिए नया फॉर्म भरना पड़ सकता है
  • जारी हो सकता है नया चेकबुक, डेबिट कार्ड और क्रेडिट कार्ड
  • FD, रेकरिंग डिपॉजिट (RD) पर मिलने वाले ब्याज में कोई बदलाव नहीं
  • जिस ब्याज पर होम, पर्सनल और व्हीकल लोन लिया है उसमें बदलाव नहीं
  • कुछ ब्रांच के बंद होने पर कस्टमर्स को नई शाखाओं पर जाना पड़ सकता है

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इन बैंकों के कामकाज पर कोई असर नहीं
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने है कि बैंक ऑफ इंडिया (BOI), सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया (CBI), इंडियन ओवरसीज बैंक (IOB), यूको बैंक (UCO Bank), बैंक ऑफ महाराष्ट्र और पंजाब एंड सिंध बैंक में कामकाज पहले की तरह होता रहेगा. (इनपुट पीटीआई)

First Published: Sep 02, 2019 09:14:33 AM
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