गणेश चतुर्थी 2018: गणपति की पूजा में इन बातों का रखें विशेष ध्यान, बप्पा करेंगे हर मनोकामना पूरी

| Last Updated:

नई दिल्ली:

आज से गणपति बप्पा हर घर में पधारने आ रहे है, जो पूरे दस दिन अपने भक्तों पर अपनी कृपा बरसाएंगे। गणेश चतुर्थी पर एक ओर जहां पंडालों में बप्पा की बड़ी-बड़ी प्रतिमा की स्थापना करते है वहीं दूसरी ओर भक्त अपने घरों में भी गजानन को विराजमान करते है। शुभ मुहुर्त के हिसाब से गणपति को घर में स्थापित करना चाहिए ताकि पूजा का सही फल मिल सके। आप भी अपने घर में गणेश जी की मूर्ति की स्थापना करना चाहते हैं तो जानें क्या है गणपति पूजा का सही तरीका। तो आइए हम आपको बताते गौरी पुत्र गणेश की पूजा करते समय किन बातों का विशेष ध्यान रखना चाहिए।

इन बातों का भी रखें ध्यान

1. शुभ लाभ के लिए गणपति जी को प्रतिदिन 5 दूर्वा जरूर अर्पित करें। 

2. प्रसाद में प्रतिदिन पंचमेवा जरूर रखें।

3. भगवान के चरणों में 5 हरी इलायची और 5 कमलगट्टे रखें। 

4. दूर्वा को हर रोज बदल दें लेकिन हरी इलायची और कमलगट्टे को अंतिम दिन तक ऐसे ही रहने दें।

5. पूजा समाप्त होने के बाद कमलगट्टों को लाल कपड़े में बांध कर रख लें और इलायची का प्रसाद बांट दें।

इस बार गणेश जी की पूजा प्रारम्भ करने का शुभ मुहूर्त सुबह 11 बज कर 08 मिनट पर शुरू होगा। दोपहर 1 बजकर 34 मिनट तक स्थापना का समय शुभ है।

और पढ़ें: गणेश चतुर्थी 2018: बप्पा की रंग-बिरंगी मूर्तियों से गुलजार हुआ बाजार, 13 सितंबर से बरसाएंगे कृपा

बता दें कि गणेश चतुर्थी का यह त्योहार भारत के विभिन्न भागों में मनाया जाता है लेकिन महाराष्ट्र में सबसे ज्यादा धूमधाम से मनाया जाता है।

मान्यता के अनुसार श्री गणेश जी का जन्म भाद्रपद शुक्ल पक्ष की चतुर्थी को हुआ था। इसीलिए हर साल इस दिन गणेश चतुर्थी धूमधाम से मनाई जाती है। भगवान गणेश के जन्म दिन के उत्सव को गणेश चतुर्थी के रूप में जाना जाता है। गणेश चतुर्थी के दिन, भगवान गणेश को बुद्धि, समृद्धि और सौभाग्य के देवता के रूप में पूजा जाता है।

First Published: