सातवां वेतन आयोग: वापस काम पर लौटे 17 लाख कर्मचारी, फडणवीस सरकार ने मानी मांगें

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नई दिल्ली:

सरकारी नौकरी में सातवां वेतन आयोग (Seventh Pay Commission) की सिफारिशें लागू करने सहित अन्य मांगों के समर्थन में महाराष्ट्र सरकार के 17 लाख कर्मचारियों की तीन दिवसीय हड़ताल आज (गुरुवार) को खत्म हो गई। कर्मचारियों के हड़ताल पर होने के कारण मुख्यालय, मंत्रालय, कलेक्टोरेट, तहसील और तालुका स्तर पर सभी सरकारी कार्यालयों में कामकाज प्रभावित हो रहा था। इसके अलावा शैक्षणिक संस्थानों, चिकित्सा एवं अन्य संबंद्ध संस्थानों में भी कामकाज प्रभावित हुआ।

महाराष्ट्र राज्य कर्मचारी संगठन (एमएसईओ) के अध्यक्ष मिलिंद सरदेशमुख ने बताया कि सरकार ने उनकी मांगों को तत्काल प्रभाव से मान लिया है, जिसके बाद हम यह हड़ताल खत्म कर रहे हैं।

Govt employees of #Maharashtra end their strike. Employees of 3rd and 4th grade were on strike since Tuesday (August 7) for their various demands. Govt has accepted 3 demands with immediate effect.

— ANI (@ANI) August 9, 2018

उन्होंने कहा,'सरकार ने हमारी तीन मांगों को तत्काल प्रभाव से मान लिया है जिस कारण हम इस हड़ताल को तुरंत खत्म कर रहे हैं। सरकार ने अगले कुछ समय में हमारी बाकी की मांगें मान लेने का आश्वासन दिया है।'

गौरतलब है कि सरकार इस मामले में यह कहते हुए देरी कर रही थी कि वह इस मामले पर के पी बख्शी समिति की रपट का इंतजार कर रही है, क्योंकि वेतन आयोग की सिफारिशें लागू करने पर कर्ज के बोझ से दबे राज्य पर 21,000 करोड़ रुपये का भारी अतिरिक्त बोझ पड़ेगा।

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