ऑपरेशन क्लीन मनी वेबसाइट लॉन्च, अरुण जेटली ने कहा-ठोस सूबतों के आधार पर पड़ती है CBI और आयकर विभाग की रेड

  |  Updated On : May 17, 2017 07:17 AM
वित्त मंत्री अरुण जेटली (फाइल फोटो)

वित्त मंत्री अरुण जेटली (फाइल फोटो)

ख़ास बातें
  •  लालू और चिदंबरम के छापों पर वित्त मंत्री ने कहा, फर्जी कंपनियों से संपत्ति बनाना छोटा मामला नहीं
  •  सीबीआई ने पूर्व केंद्रीय मंत्री पीचिदंबरम और उनके बेटे कार्ति चिदंबरम के घरों पर छापेमारी की है 
  •  वहीं बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव और उनके परिवार के खिलाफ 22 ठिकानों पर छापे मारे हैं

New Delhi:  

काला धन के खिलाफ ऑपरेशन क्लीन मनी लॉन्च करते हुए केंद्रीय वित्त मंत्री अरुण जेटली ने कहा कि आने वाले दिनों में सरकार ईमानदार टैक्स चुकाने वाले लोगों को और सुविधाएं देगी।

कर विभाग अब छापेमारी की खबरों को वेबसाइट पर सार्वजनिक करेगा। कर चोरों को सख्त संदेश देते हुए जेटली ने कहा, 'जो ईमानदार नहीं हैं, उनके लिए संदेश है कि कर चोरी का पैसा रखना और उसे पचा पाना संभव नहीं है।' 

बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद और पूर्व वित्त मंत्री पी चिदंबरम के बेटे कार्ती चिदंबरम के ठिकानों पर पड़े छापे को लेकर पूछे जाने पर जेटली ने कहा कि जांच एजेंसियां ठोस सबूतों के बिना कार्रवाई नहीं करती।

जेटली ने कहा, 'जो लोग ऊंचे पदों पर बैठे हैं और शेल कंपनियों की मदद से पैसा बनाया है, उनका मामला कोई छोटा मसला नहीं है।'

इसके साथ ही सरकार ने अघोषित संपत्ति के खुलासे से जुड़े आंकड़े जारी किए। उन्होंने कहा कि नोटबंदी के बाद देश में 16,398 करोड़ रुपये की अघोषित आय का खुलासा किया गया। इसके साथ ही नोटबंदी के फैसले के बाद 91 लाख नए करदाताओं को जोड़ा गया और 30 करोड़ नए पैन आवंटित किए गए।

मोदी सरकार के तीन साल के कार्यकाल के दौरान नोटबंदी का फैसला सबसे बड़ा और विवादित फैसला रहा था। सरकार ने इसे जहां काला धन और भ्रष्टाचार के खिलाफ लड़ाई में सबसे बड़ा हथियार बताया था वहीं विपक्षी दलों ने इसे जीडीपी को नुकसान पहुंचाने वाला फैसला बताया था।

हालांकि सरकार ने इसे सबसे बड़ा आर्थिक सुधार बताते हुए चुनावों में राजनीतिक मुद्दा भी बनाया और उसे कामयाबी भी मिली।

आज सीबीआई ने पूर्व केंद्रीय मंत्री पी. चिदंबरम और उनके बेटे कार्ति चिदंबरम के तमिलनाडु स्थित आवासों पर छापेमारी की। यह छापेमारी विदेशी निवेश संवर्धन बोर्ड (एफआईपीबी) द्वारा आईएनएक्स मीडिया (अब 9एक्स मीडिया) को दी गई मंजूरी के मामले में की गई।

और पढ़ें: चिदंबरम के 16 ठिकानों पर सीबीआई का छापा, बोले- सरकार मुझे बोलने, लिखने से नहीं रोक सकती

एफआईपीबी द्वारा यह मंजूरी उस समय दी गई थी जब चिदंबरम वित्त मंत्री थे और पीटर व इंद्राणी मुखर्जी आईएनएक्स मीडिया का संचालन करते थे।

फिलहाल, इंद्राणी मुखर्जी अपनी बेटी शीना बोरा की हत्या के मामले में अपने पति पीटर के साथ कानून के शिकंजे में हैं।

चिदंबरम ने इस कार्रवाई को बदले की भावना से प्रेरित राजनीति बताया है और कहा है कि छापेमारी के डर से वह सरकार की आलोचना करना नहीं छोड़ेंगे।

वहीं दूसरी तरफ आयकर (आईटी) विभाग ने राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के अध्यक्ष लालू प्रसाद और उनके परिवार के खिलाफ 1,000 करोड़ रुपये के कथित बेनामी भूमि सौदे के संबंध में दिल्ली और हरियाणा में 22 से भी अधिक स्थानों पर छापे मारे हैं।

आयकर विभाग ने राजद प्रमुख के अलावा पार्टी सांसद पी सी गुप्ता के आवास और साथ ही दिल्ली और हरियाणा के गुरुग्राम और रेवाड़ी के कई व्यापारियों और रियल एस्टेट एजेंटों के परिसरों में भी छापे मारे।

आयकर विभाग की यह कार्रवाई बिहार के पूर्व उप मुख्यमंत्री और वरिष्ठ भाजपा नेता सुशील कुमार मोदी द्वारा लगाए गए आरोपों के मद्देनजर की गई है।

मोदी ने लालू प्रसाद और उनके बच्चों -बिहार के उप मुख्यमंत्री तेजस्वी यादव, स्वास्थ्य मंत्री तेज प्रताप यादव और राज्यसभा सांसद मीसा भारती- पर अवैध भूमि सौदों में संलिप्तता का आरोप लगाया है।

और पढ़ें: लालू ने ट्वीट कर बीजेपी पर बोला हमला, कहा- नए गठबंधन सहयोगी मुबारक हों, मैं डरने वाला नहीं

RELATED TAG: Arun Jaitley, P Chidambaram,

देश, दुनिया की हर बड़ी ख़बर अब आपके मोबाइल पर, डाउनलोड करें न्यूज़ स्टेट एप IOS ओर Android यूज़र्स इस लिंक पर क्लिक करें।

Latest Hindi News से जुड़े, अन्य अपडेट के लिए हमें फेसबुक पेज, ट्विटर और गूगल प्लस पर फॉलो करें

न्यूज़ फीचर

मुख्य ख़बरे

वीडियो

फोटो